नई दिल्ली: राजधानी दिल्ली में गैस सिलेंडरों की कृत्रिम किल्लत पैदा कर कालाबाजारी करने वाले एक बड़े गिरोह का पर्दाफाश हुआ है। दिल्ली पुलिस की क्राइम ब्रांच (वेस्टर्न रेंज-I) ने रनहोला इलाके में स्थित एक गैस एजेंसी पर छापेमारी कर 459 कमर्शियल सिलेंडर बरामद किए हैं। पुलिस ने इस मामले में आरोपी एजेंसी मालिक सुशील कुमार सिंघल को गिरफ्तार कर लिया है।
कैसे हुआ भंडाफोड़?
पिछले कुछ दिनों से पश्चिम एशिया संकट के बहाने एलपीजी की कमी की अफवाहें फैल रही थीं। इसी का फायदा उठाकर कुछ जमाखोर सक्रिय हो गए थे। डीसीपी (क्राइम) हर्ष इंदोरा के निर्देश पर बनी स्पेशल टीम (एसीपी राज कुमार और इंस्पेक्टर प्रदीप के नेतृत्व में) को सूचना मिली थी कि रनहोला के नीलोठी रोड स्थित ‘HP बालाजी गैस एजेंसी’ में अवैध भंडारण किया गया है।
छापेमारी में क्या मिला?
जब पुलिस टीम ने खाद्य एवं आपूर्ति अधिकारी (FSO) के साथ छापा मारा, तो मौके से भारी मात्रा में अवैध स्टॉक बरामद हुआ:
कुल बरामदगी: 459 खाली कमर्शियल सिलेंडर।
इंडेन (Indane): 284 सिलेंडर।
भारत गैस (BP): 175 सिलेंडर।
मोडस ऑपेरंडी: ऐसे फंसाता था जनता को
जांच में सामने आया कि आरोपी सुशील कुमार अपनी एजेंसी के वैध स्टॉक की आड़ में दूसरी कंपनियों के सिलेंडर भी छिपाकर रखता था। उसका मकसद बाजार में सिलेंडरों की किल्लत का संदेश देना था। जब मांग चरम पर होती, तब वह इन सिलेंडरों को ऊंचे दामों पर “ब्लैक” में बेचने की फिराक में था।
कड़ी धाराओं में केस दर्ज
आरोपी के खिलाफ क्राइम ब्रांच थाने में FIR संख्या 62/2026 दर्ज की गई है। उस पर:
आवश्यक वस्तु अधिनियम (Essential Commodities Act): धारा 7
भारतीय न्याय संहिता (BNS): धारा 61(2) के तहत मामला दर्ज किया गया है।
डीसीपी हर्ष इंदोरा का सख्त संदेश: “वैश्विक संकट का फायदा उठाकर जनता को लूटने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। दिल्ली पुलिस आवश्यक वस्तुओं की सप्लाई सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह सतर्क है।”
